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दुश्मनों को दहलाने वाली 'धनुष' तोप आज से सेना में शामिल, जानें इसकी खासियत
कानपुर।
Wed, 26 Jun 2019
मेक इन इंडिया के लक्ष्य को साध कर बनाई गई स्वदेशी 'धनुष' तोप बुधवार को सेना को समर्पित की जाएगी। आयुध निर्माणी की सेना को दी गई यह देन सीमाओं पर दुश्मनों को खदेड़ने में मददगार होगी। यह   रक्षा क्षेत्र में भारत की एक बड़ी उपलब्धि है। फील्ड गन फैक्ट्री से तोप सेना को भेजी जाएगी।

आर्डिनेंस फैक्ट्री ने बोफोर्स से दो पीढ़ी आगे की अत्याधुनिक तोप का विकास कर लिया है। 'धनुष' से भी एक कदम आगे नया बैरल तैयार कर दुनिया के शीर्ष तोप बनाने वाले देशों में भारत का नाम दर्ज हो गया है। नई तोप और बैरल की रेंज 42 किलोमीटर है, जो दुनिया की किसी भी तोप को मुंहतोड़ जवाब देने में सक्षम है। वर्ष 2012 से लगातार परीक्षणों में खरा उतरा है, जिसे अब दुनिया के सामने पेश किया जाएगा।

मील का पत्थर साबित होगा
स्वदेशी आधार पर विकसित 'धनुष' 155 एमएम 45 कैलिबर की माडर्न आर्टिलरी गन प्रणाली में मील का पत्थर साबित होगी। यह एक पृथक गन सिस्टम के रूप में विकसित की गई है। 'धनुष' का वजन 155 एमएम 39 कैलिबर गन से 700 किलोग्राम ज्यादा है। बैरल भी बोफोर्स गन की तुलना में 877 मिमी ज्यादा है।   1987 में 414 बोफोर्स स्वीडन से आयात की गईं थीं। अभी भी लगभग 300 बोफोर्स तोपें सीमा पर तैनात हैं। अब बढ़ती उम्र को देखते हुए देसी 'धनुष' बोफोर्स का स्थान लेगा। इसके लिए सेना ने आर्डनेंस फैक्ट्री कानपुर को 414 'धनुष' का आर्डर दिया है। ओएफसी का कहना है कि सेना जितनी तोप मांगेगी, रिकार्ड टाइम में डिलीवर करने में सक्षम है।

एक कदम और आगे

अभी 'धनुष' ने ही दुनियाभर में तहलका मचा रखा है, आर्डिनेंस फैक्ट्री ने उससे भी दो कदम आगे की तोप की नींव तैयार कर दी। धनुष का बैरल सात मीटर लंबा है, जबकि नया बैरल आठ मीटर लंबा है। यह दुनिया के सबसे लंबे बैरल वाली तोपों में से एक है। आठ मीटर लंबी तोप सिर्फ यूएसए, इजरायल और रूस के पास है। नई तोप का बैरल परीक्षणों में खरा उतरा है। धनुष और एडवांस धनुष देश की पहली तोप हैं जिसमें इस्तेमाल 90 फीसदी पार्ट्स भारत में ही निर्मित हैं।

एक नजर
-1977 में डिजायन बोफोर्स 1980 में दुनिया के सामने आई।
-1987 में 400 तोप भारतीय सेना ने आयात की थीं। बोफोर्स का बैरल छह मीटर लंबा है।
- 2000 में आर्डिनेंस फैक्ट्री कानपुर ने बोफोर्स तोप का बैरल अपग्रेड करने का प्रस्ताव दिया
- 2004 में आर्डिनेंस फैक्ट्री के देश में पहली बार सात मीटर लंबे नए बैरल को सेना ने स्वीकृति दी।
-2011 में रक्षामंत्रालय ने आर्डिनेंस फैक्ट्री कानपुर का प्रस्ताव स्वीकार किया।

दुनिया की पांच तोपों में धनुष भी
बोफोर्स बीओ-5    स्वीडन
एम 46- एस    इजरायल
जीसी 45    कनाडा
नेक्सटर    फ्रांस
धनुष    भारत

खासियत
-धनुष तोप 35 किमी तक छिपे दुश्मनों पर वार करेगी।
- बोफोर्स गन की तुलना में धनुष में फायर कम्प्यूटर सिस्टम पर आटो लेईंग प्रणाली है।
- आधुनिक साइटिंग सिस्टम के तहत नाईट कैमरे की तुलना में डे कैमरा ज्यादा प्रभावी है।
- बैलिस्टिक गणना, गन रिकार्डिंग, गन की पोजिशनिंग, बैक अप साइट सिस्टम अत्याधुनिक है।
-'धनुष' का एडवांस संस्करण मचाएगा तहलका

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