Skip to main content

DlightNews

*कृत्रिम अंग की आवश्यकता वाले दिव्यांगजनों के लिए विकसित नई तकनीक पर सीआरसी में आयोजित हुई ऑनलाइन वेबीनार*

*वरिष्ठ संवाददाता-बीपीमिश्र*
गोरखपुर।सीआरसी  में आज एक ऑनलाइन वेबिनार का आयोजन किया गया। ऐसे दिव्यांगजन जिनका किसी दुर्घटना की वजह से हाथ या पैर कट जाये तो उनको कृत्रिम अंग प्रदान कर उन्हें समाज के मुख्य धारा से जोड़ा जा सकता है। प्रौद्योगिकी के विकास का प्रभाव इस क्षेत्र पर भी देखने को मिला है। इस क्षेत्र में तकनीकि विकास की अद्यतन स्थिति पर एक वेबिनार का आयोजन किया गया। सीआरसी गोरखपुर में भी ऐसे दिव्यांगजनों को जिनका हाथ या पैर कट जाता है उनके लिए अंग देने की निःशुल्क सुविधा उपलब्ध है। इस कार्यक्रम को पंडित दीनदयाल उपाध्याय राष्ट्रीय अस्थि दिव्यांगजन संस्थान, नई दिल्ली के मोहित गुप्ता ने संबोधित किया। कार्यक्रम का समन्वय श्री मंजेश कुमार पी एंड ओ सीआरसी गोरखपुर श्री रॉबिन ने किया। इस अवसर पर ऑनलाइन माध्यम से बड़ी संख्या में लोगों ने प्रतिभाग किया। सीआरसी गोरखपुर के रेजिडेंट कोऑर्डिनेटर श्री नीरज  मधुकर ने इस कार्यक्रम की सफलता पर अपनी प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि जिन भी दिव्यांगजनों को कृत्रिम अंग की आवश्यकता हो वे सीआरसी के पी एंड ओ विभाग से संपर्क कर सकते हैं।

Comments

Popular posts from this blog

अलीराजपुर यूनिकेयर हॉस्पिटल यहां पर सभी प्रकार

अलीराजपुर यूनिकेयर हॉस्पिटल यहां  पर सभी प्रकार के चर्म रोग स्त्री रोग इलाज किया जाता है सभी को फायदा पहुंचता है दांत खाद खुजली मासा सभी प्रकार का इलाज किया जाता है आबिद हुसैन कुरेशी

DlightNews

बामनपुरी रामलीला में धनुष यज्ञ लीला का हुआ मनमोहक मंचन , बरेली से जिला , संवाददाता अभिनय रस्तोगी की रिपोर्ट बरेली। बमनपुरी में चल रही 166 वीं श्री रामलीला के पाचवें दिन कलाकारों ने सीता स्वयंवर व धनुष यज्ञ की लीला का शानदार मंचन किया। सीता स्वयंवर में भगवान श्री राम ने शिव धनुष को उठाया तो पूरा पंडाल जय श्रीराम के जयकारे से गूंज उठा। रामलीला की शुरूआत में दिखाया गया कि जनकपुर में जनक जी अपनी पुत्री सीता के स्वयंवर के लिए देश देशांतर के राजाओं को बुलवाते हैं और शिव धनुष को उठाने व प्रत्यंचा चढ़ाने की शर्त रखते हैं, कोई भी राजा धनुष को हिला नहीं पाता है। राजा जनक के अभिनय ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया। इस दौरान रावण -बाणासुर के ओजस्वी संवादों को सुनकर श्रद्धालु रोमांचित हो उठे। अंततः रावण स्वयंवर सभा छोड़कर लंका वापस लौट जाता है उधर जब सारे राजा धनुष पर प्रत्यंचा चढ़ाना तो दूर, उसे तिल भर हिला तक नहीं पाते हैं तो यह देखकर राजा जनक अधीर हो उठते हैं और करुण विलाप करते हैं वो इस आशंका से भयभीत हो जाते हैं कि उनके इस कठिन प्रण के चलते सीता जी जीवन भर कुंवारी ना रह जाएं, वह हताशा...

DlightNews

शाह समाज महासम्मेलन के पदाधिकारीयों आज राजधानी लखनऊ में बैठक अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री से करेंगे मुलाकात संक्षेप: Lucknow News - लखनऊ में उत्तर प्रदेश शाह अल्वी समाज की आगामी महासम्मेलन की तैयारी में पदाधिकारियों ने उत्तर प्रदेश सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री से मुलाकात करने का निर्णय लिया और प्रशासन से सहयोग की मांग की। बैठक विक्रमादित्य मार्ग स्थित लखनऊ मंत्री दानिश आजाद जी के आवास पर हुई। इस दौरान पदाधिकारियों ने उत्तर प्रदेश भाषा विभाग के पूर्व अध्यक्ष श्री तुरज जैदी से भी औपचारिक मुलाकात की इस संबंध में शाह समाज के पदाधिकारियों ने मंत्री दानिश आजाद अंसारी जी से मुलाकात करने की बात कही। राष्ट्रीय सह संयोजक जियारत अली शाह मलंग ने कहा कि हमारा मकसद है कि बड़ी संख्या में उत्तर प्रदेश के लोंगो को एक मंच पर लाया जाए बैठक में प्रदेश अध्यक्ष शोहरत अली शाह मलंग,राष्ट्रीय सह संयोजक जियारत अली शाह मलंग राष्ट्रीय संयोजक ताहिर शाह, मारूफ,दानिश आदि रहे।